कोरोना वायरस के प्रभाव को देखते हुए केंद्र सरकार द्वारा लागू लॉक डाउन के दौरान शहर का इस्कॉन मंदिर भूखे गरीब लोगों के लिए किसी फरिश्ते से कम नहीं साबित हो रहा है। पिछले डेढ़ महीने से अधिक समय से लागू लॉक डाउन के दौरान इस्कॉन मंदिर के द्वारा जरुरतमंदों को लगातार भोजन उपलब्ध कराया जा रहा है। खास बात यह है कि यह भोजन कोई हलवाई नहीं, बल्कि मंदिर के पूजारी गण स्वयं बना रहे हैं। मंदिर द्वारा प्रतिदिन करीब तीन सौ लोगों को भोजन उपलब्ध कराया जा रहा है।

भोजन की खास बात यह है कि मंदिर के संत अपने हाथों से सोशल डिस्टेंसिंग और सैनिटाइजेशन को ध्यान में रखते हुए शुद्ध रुप से इसे तैयार करते हैं। इम्यूनिटी सिस्टम को बढ़ाने के लिए भोजन में मंगरेला, अजवाइन, तेजपत्ता, छोटी इलायची, बड़ी इलायची, अदरक, धनिया पत्ता, देशी घी का इस्तेमाल किया जाता है। यह जानकारी देते हुए मंदिर प्रबंधक जगदीश श्याम दास जी ने कहा लॉक डाउन के दौरान इस्कॉन संस्था अब तक पूरे भारत में 4 करोड़ से ज्यादा लोगों के बीच भोजन का वितरण कर चुका है। उन्होंने बताया कि दिल्ली में इस्कॉन द्वारा आपातकालीन स्थिति में 24 घंटे में पांच लाख लोगों का भोजन बनाने का रिकॉर्ड बनाया है। इस्कॉन गया मंदिर भी लगभग 7000 प्लेट भोजन वितरण कर चुका है। प्रबंधक ने कहा यह सेवा लॉक डाउन खुलने तक जारी रहेगी।